डार्क वेब dark web hindi me

तो डार्क वेब ऐसा होता है, डार्क वेब के बारे में सबकुछ

दोस्तों हम लोग जो इंटरनेट का उपयोग करते है, वो होता है सरफेस वेब और डार्क वेब को मुख्य रूप से हैकर यूज़ करते है, इंटरनेट तीन प्रकार का होता है सरफेस वेब, डीप वेब और डार्क वेब…

सरफेस वेब

दोस्तों यदि सरफेस वेब की बात की जाये तो ये है पूरे इंटरनेट का सिर्फ 4% जोकि हम लोग यूज़ करते है मतलब की जो वेबसाइट हमको गूगल पर सर्च करने से मिल जाती है वो सभी सरफेस वेब के अंतर्गत आती है।


डीप वेब

डीप वेब के अंदर ऐसी वेबसाइट आती है जो गूगल पर ओपन तो हो जाती है, लेकिन सर्च करने से मिलती नहीं है मतलब की जो वेबसाइट के ओनर होते है वो गूगल को इंडेक्स करने से मना कर देते है, इसके इंतर्गत बहुत सारे बैंक के वेबसाइट होते है मतलब की ऐसी वेबसाइट का एड्रेस सिर्फ कुछ चुनिंदा लोगो को दिया जाता है।


डार्क वेब

दोस्तों डार्क वेब एक ऐसा वेब है, जिसकी कोई भी वेबसाइट हमारे ब्राउज़र में ओपन नही की जा सकती फिर चाहे गूगल क्रोम हो Opera या हो UC ब्राउज़र। डार्क वेब की वेबसाइट ओपन करने के लिए आता है एक स्पेशल ब्राउज़र, जिसका नाम है Tor, दोस्तों आपको पता होगा की यदि सरफेस वेब पर कुछ भी सर्च करे तो वो प्राइवेट नहीं रहता लेकिन डार्क वेब में ऐसा नहीं है, दोस्तों प्राइवेट तरीके से कोई वेबसाइट को विजिट करना डार्क वेब में संभव है।

  • डार्क वेब कैसे काम करता है

Tor में होती है Onion Routing, इसमें बहुत सारे VPN (Virtual private network) होते है, इसमें जब कोई वेबसाइट को विजिट किया जाता है, तो उस पर पहुंचने के लिए अलग-अलग VPN से काफी घूमा फिरा के पहुंचाया जाता है। मान लो कि आपने कोई वेबसाइट Tor में विजिट की तो पहले जायेगी VPN No. 1 पर फिर 2 पर फिर 3 पर ऐसा करते करते बहुत सारे VPN से गुजरने के बाद वो ओपन होगी इसलिए वो वेबसाइट कहा से विजिट की गई है ये पता लगाना बहुत कठिन होता है क्योंकि आपका IP अड्रेस्स कुछ टाइम के अंदर चेंज होता रहता है ।

दोस्तों Tor के अंदर .Onion करके बहुत सारी अलग-अलग वेबसाइट होती है जो सिर्फ Tor में खुलती है और इसी का यूज़ करके बहुत सारी इललीगल वेबसाइट बनती रहती है, और शायद आपने इसीलिये सुना भी होगा कि डार्क वेब यूज़ करना इललीगल है, क्योंकि ऐसी वेबसाइट को विजिट करने से आपके हैक होने के चांसेस होते है, क्योंकि ऐसी वेबसाइट हो सकता है की आपके सिस्टम में कोई सॉफ्टवेर इनस्टॉल कर दे।

»फ़ोन बैटरी जल्दी ख़त्म इन गलतियों की वजह से होती है

»What is bitcoin in hindi, (क्या, कैसे, कीमत) जाने पूरी जानकारी

  • डार्क वेब का काम

डार्क वेब को मुख्य रूप से हैकर यूज़ करते है

दोस्तों Tor को चलाना तो लीगल है लेकिन वहा पर इललीगल वेबसाइट भी है, जो कि सारे इललीगल काम करती है जैसे की ड्रग्स, मतलब जितने भी इललीगल काम होते है सब यहाँ से ही होते है, दोस्तों यदि गूगल पर कोई वेबसाइट इललीगल काम करती है तो तुरंत उसकी होस्टिंग बंद हो जाती है, लेकिन Tor में कोई वेबसाइट बंद नहीं हो सकती क्योंकि वो कही से होस्टिंग नहीं खरीदते उनकी होस्टिंग उनके सिस्टम में ही रहती है मतलब जब तक सिस्टम चालू है तब तक वो वेबसाइट बंद नहीं हो सकती। अभी के लिए इतना ही कोई भी सवाल या सुझाव नीचे कमेंट करके बताये, थैंक्स

»Phone heating problem अब नही होगी अपनाये ये टिप्स

»Facebook Hacking, 5 गलतियाँ भूलकर न करें


bs6 in Hindi bs6 vs bs4

What is bs6 in Hindi। Compare bs4 and bs6

What is bs6 प्रदूषण को देखते हुए सन 2000 में भारत सरकार ने एक निर्णय लिया था की अब से

0 comments
कैसे बन रही है कोरोनावायरस की वैक्सीन

कोरोना वायरस की वैक्सीन का सच | CORONA VIRUS Vaccine

कोरोना वायरस को लेकर आप के मन में बहुत सवाल आ रहे होंगे जैसे की CORONA VIRUS Vaccine कैसे बनेगी, 

0 comments
Everyone Should Know About THIRD STAGE OF CORONA

Everyone Should Know About THIRD STAGE OF CORONA Hindi

सोशल मीडिया पर कुछ ऐसे मैसेज आना शुरू हो गए हैं, मानो कोरोना वायरस अपनी थर्ड स्टेज पर पहुंच गया

0 comments
How to earn money online in hindi 2020

10 Easy Ways to earn money online in hindi : 2020

Earn Money Online इंटरनेट हमारे जीवन का बहुत बड़ा हिस्सा है, और इसीलिए बहुत लोग online पैसे कमाने के लिए

0 comments
म्यूचुअल फंड क्या है

म्यूचुअल फंड क्या है? क्या म्यूचुअल फंड सही है?

    म्यूचुअल फंड क्या है? क्या म्यूचुअल फंड सही है? इसमें पैसे लगाने के फायदे  क्या है? इसमें कैसे

2 comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *